त्योहारों से पहले बढ़ती महंगाई ने आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। दाल, चावल, शक्कर और सब्जियों की कीमतों में बढ़ोतरी से घरों का बजट बिगड़ने लगा है। रोजमर्रा की जरूरतों पर होने वाला खर्च बढ़ने से आम परिवारों को आर्थिक दबाव का सामना करना पड़ रहा है।
अखबार में प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, अरहर दाल की कीमत 150 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई है। वहीं, चावल की कुछ किस्मों के दाम में भी 10 से 15 रुपये प्रति किलो तक की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। शक्कर की कीमत लगभग 55 रुपये प्रति किलो तक पहुंचने की बात कही गई है।
खाद्य पदार्थों के साथ सब्जियों की बढ़ती कीमतें भी लोगों को परेशान कर रही हैं। भिंडी, बैंगन, फूलगोभी और करेला जैसी सब्जियों के दाम बढ़ने से रसोई का खर्च लगातार बढ़ रहा है। ऐसे में सीमित आय वाले परिवारों के लिए रोजमर्रा की जरूरतों को पूरा करना चुनौती बनता जा रहा है।
त्योहारों के दौरान घरों में खरीदारी और खानपान पर खर्च सामान्य दिनों की तुलना में बढ़ जाता है। ऐसे समय में खाद्य पदार्थों की कीमतों में बढ़ोतरी का असर सीधे आम उपभोक्ताओं की जेब पर पड़ रहा है।
अब लोगों को उम्मीद है कि खाद्य पदार्थों की कीमतों में स्थिरता आएगी और महंगाई से राहत मिलेगी, ताकि त्योहारों की खुशियों के बीच परिवारों का बजट न बिगड़े।


