मुंबई। रियलिटी शो ‘बिग बॉस 20’ में कंटेस्टेंट्स के बीच चल रही तकरार अब घर के बाहर भी चर्चा का विषय बन रही है। हालिया एपिसोड में ईशा रिखी और काजी तौकीर के बीच हुई बहस के बाद ईशा के भावुक होने और पुराने ट्रॉमा का जिक्र करने पर अभिनेत्री माही विज ने प्रतिक्रिया दी है। माही की टिप्पणी में रैपर बादशाह का नाम आने के बाद सोशल मीडिया पर भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
कप्तानी टास्क के दौरान हुई तीखी बहस
बताया जा रहा है कि कप्तानी टास्क के दौरान ईशा रिखी और काजी तौकीर के बीच कहासुनी हो गई। ईशा ने काजी के व्यवहार को आक्रामक बताते हुए अपनी नाराजगी जाहिर की। विवाद के बाद वह भावुक नजर आईं और उन्होंने कहा कि इस घटना ने उनके पुराने मानसिक आघात से जुड़ी यादों को प्रभावित किया।
इसके बाद बिग बॉस के घर में भी इस बात को लेकर बातचीत हुई कि मौजूदा विवाद के दौरान पुराने अनुभवों और संवेदनशील मुद्दों का जिक्र किस तरह किया जाना चाहिए।
माही विज ने ईशा के बयान पर जताई जिज्ञासा
ईशा के ट्रॉमा वाले बयान पर माही विज ने सवाल उठाते हुए कहा कि अगर किसी बहस में सामने वाले ने आवाज ऊंची की, तो उससे जुड़े ट्रॉमा की वजह और संदर्भ को समझना जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि हर व्यक्ति के जीवन के अनुभव अलग होते हैं।
माही ने अपनी प्रतिक्रिया के दौरान ईशा के पुराने रिश्तों का जिक्र किया और बादशाह का नाम भी लिया। इसी वजह से उनका बयान सोशल मीडिया पर चर्चा में आ गया और लोग इस टिप्पणी को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देने लगे।
ईशा और बादशाह के रिश्ते को लेकर पहले भी रही चर्चा
ईशा रिखी और रैपर बादशाह के बीच कथित रिश्ते को लेकर पहले भी मीडिया और सोशल मीडिया पर चर्चाएं होती रही हैं। हालांकि ईशा अपनी निजी जिंदगी से जुड़ी अपुष्ट खबरों पर कई बार प्रतिक्रिया दे चुकी हैं और लोगों से बिना पुष्टि किसी बात पर भरोसा नहीं करने की अपील कर चुकी हैं।
सोशल मीडिया पर भी शुरू हुई बहस
माही विज की टिप्पणी सामने आने के बाद सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस पूरे मामले को लेकर प्रतिक्रियाएं बढ़ गई हैं। कुछ यूजर्स माही के सवालों पर चर्चा कर रहे हैं, जबकि कुछ लोग ईशा और काजी के बीच हुए विवाद तथा ईशा के रिएक्शन को लेकर अपनी राय साझा कर रहे हैं।
फिलहाल यह मामला शो में हुई बहस और उसके बाद सामने आई प्रतिक्रियाओं तक सीमित है। किसी व्यक्ति के निजी अनुभव या मानसिक स्थिति को लेकर केवल रियलिटी शो में सामने आई बातों के आधार पर कोई निष्कर्ष निकालना उचित नहीं होगा।


