पाटन। छत्तीसगढ़ की संस्कृति, परंपरा और तीज-त्योहारों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पाटन में ‘जबर आठे तिहार’ का भव्य आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह भव्य रैली के साथ होगी, जिसमें छत्तीसगढ़िया समाज के साथ बड़ी संख्या में युवा, माताएं-बहनें और संस्कृति प्रेमी शामिल होंगे।
सुबह 10 बजे अखरा दाई मंदिर से निकलेगी रैली
आयोजन की शुरुआत सुबह 10 बजे अखरा दाई मंदिर से भव्य रैली के साथ होगी। रैली पाटन नगर के प्रमुख मार्गों और चौक-चौराहों से गुजरते हुए नए बस स्टैंड ‘दईहान’ पहुंचेगी। आयोजकों को रैली में बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
शाम 4 बजे होगा मंचीय कार्यक्रम
रैली के बाद शाम 4 बजे नए बस स्टैंड ‘दईहान’ में भव्य मंचीय कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस दौरान छत्तीसगढ़ की पारंपरिक संस्कृति, लोकपरंपरा और तीज-त्योहारों की झलक देखने को मिलेगी।
कार्यक्रम का मुख्य संदेश ‘हमर तिहार—हमर संस्कृति—हमर पहचान’ रखा गया है। आयोजकों का कहना है कि अपनी संस्कृति और परंपराओं को सुरक्षित रखना समाज के हर व्यक्ति की जिम्मेदारी है।
पारंपरिक वेशभूषा में शामिल होने की अपील
छत्तीसगढ़िया क्रान्ति सेना पाटन की ओर से समस्त छत्तीसगढ़िया समाज और क्षेत्रवासियों से अपील की गई है कि वे पारंपरिक वेशभूषा और छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक रंग के साथ कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और ‘जबर आठे तिहार’ को यादगार बनाएं।
आयोजकों ने कहा कि “अपन संस्कृति, अपन परंपरा अउ अपन तिहार ल बचाना हमर सबो के जिम्मेदारी आय।” इसी संकल्प के साथ पाटन की धरती पर यह भव्य आयोजन किया जा रहा है।

