रायपुर, 29 जुलाई। छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल की मुख्य अवसर (पूरक) परीक्षा में शामिल 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों को इन दिनों ठग अपना निशाना बना रहे हैं। परीक्षा में पास कराने का झांसा देकर फर्जी कॉल किए जा रहे हैं और व्हाट्सएप पर QR कोड भेजकर ₹5,000 जमा कराने की मांग की जा रही है। शिक्षा विभाग ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए विद्यार्थियों और अभिभावकों से सतर्क रहने की अपील की है।
जानकारी के अनुसार, ठग स्वयं को माध्यमिक शिक्षा मंडल या शिक्षा विभाग का अधिकारी बताकर फोन करते हैं। इसके बाद विद्यार्थियों को परीक्षा में उत्तीर्ण कराने का भरोसा देकर व्हाट्सएप पर QR कोड भेजते हैं और निर्धारित राशि जमा करने के लिए कहते हैं। कई मामलों में अलग-अलग मोबाइल नंबरों से कॉल आने की भी शिकायत मिली है।
माध्यमिक शिक्षा मंडल ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा परिणाम पूरी तरह पारदर्शी प्रक्रिया के तहत तैयार किए जाते हैं। उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन निर्धारित नियमों के अनुसार किया जाता है तथा किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के माध्यम से पैसे लेकर परीक्षा में पास कराने का कोई प्रावधान नहीं है। ऐसे सभी कॉल और संदेश पूरी तरह फर्जी हैं।
दुर्ग जिले में इस वर्ष मुख्य अवसर परीक्षा में कुल 7,411 विद्यार्थी शामिल हुए हैं। इनमें 10वीं के 4,549 तथा 12वीं के 2,862 विद्यार्थी परीक्षा दे रहे हैं। ब्लॉकवार आंकड़ों के अनुसार दुर्ग ब्लॉक में 4,946, पाटन में 1,621 तथा पाटन/अन्य ब्लॉक में 844 परीक्षार्थी शामिल हैं।


शिक्षा विभाग ने विद्यार्थियों और अभिभावकों से अपील की है कि किसी भी अनजान कॉल, संदेश या QR कोड पर विश्वास न करें। किसी भी प्रकार की राशि जमा न करें तथा बैंक खाता, UPI PIN, OTP जैसी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। यदि इस प्रकार का कोई कॉल प्राप्त होता है तो तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 या नजदीकी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराएं।
शिक्षा अधिकारियों का कहना है कि विद्यार्थी केवल अपनी पढ़ाई पर ध्यान दें और किसी भी प्रकार के लालच या फर्जी दावों के झांसे में न आएं। परीक्षा परिणाम केवल बोर्ड द्वारा निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार ही जारी किए जाएंगे।

