राजौरी। जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले के मेंढर सेक्टर में नियंत्रण रेखा (LoC) के पास बुधवार शाम बारूदी सुरंग को निष्क्रिय करने के दौरान हुए विस्फोट में भारतीय सेना के दो जवान घायल हो गए। दोनों जवानों को तत्काल सेना के अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार जारी है।
अधिकारियों के अनुसार, सेना का बम निरोधक दस्ता नियमित गश्त पर था। इसी दौरान कंगा गली क्षेत्र में एक बारूदी सुरंग मिलने पर उसे सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय करने की कार्रवाई शुरू की गई। प्रक्रिया के दौरान अचानक विस्फोट हो गया, जिससे दो जवान घायल हो गए।
घुसपैठ रोकने के लिए बिछाई गई थीं सुरंगें
सेना के अधिकारियों ने बताया कि नियंत्रण रेखा पर घुसपैठ रोकने के उद्देश्य से अग्रिम इलाकों में बारूदी सुरंगें बिछाई जाती हैं। हालांकि, लगातार हो रही बारिश के कारण कई बार ये सुरंगें अपने स्थान से खिसक जाती हैं। ऐसी स्थिति में उन्हें खोजकर सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय किया जाता है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसा भी ऐसी ही एक खिसकी हुई बारूदी सुरंग को निष्क्रिय करने के दौरान हुआ।
पुंछ में मिला संदिग्ध विस्फोटक
इसी बीच पुंछ के नालवा-देगवार तरवान क्षेत्र में मजदूरों को एक जंग लगा संदिग्ध विस्फोटक उपकरण मिला। सूचना मिलते ही सेना की टीम मौके पर पहुंची और सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए विस्फोटक को नष्ट कर दिया।
सोपोर में सर्च ऑपरेशन के दौरान 45 गोले बरामद
उधर, कश्मीर के सोपोर में संयुक्त तलाशी अभियान के दौरान एक घर से कबाड़ के बीच रखे 45 संदिग्ध गोले बरामद किए गए हैं। यह अभियान सोपोर पुलिस, सीआरपीएफ और सेना की 5वीं राष्ट्रीय राइफल्स ने शीर कॉलोनी क्षेत्र में चलाया था। बरामद गोले किस स्थिति में थे और उनका उपयोग किस उद्देश्य से किया जाना था, इसकी जांच सुरक्षा एजेंसियां कर रही हैं। फिलहाल पूरे मामले की गहन जांच जारी है।

