रायपुर। रायपुर केंद्रीय जेल में बंदियों तक प्रतिबंधित सामग्री पहुंचाने के लिए अपनाए जा रहे नए-नए हथकंडों का खुलासा हुआ है। जेल प्रशासन की सतर्कता और सघन जांच के चलते मुलाकात के दौरान प्रतिबंधित सामग्री अंदर पहुंचाने के कई प्रयास विफल कर दिए गए।
जानकारी के अनुसार, पिछले महीने कुछ लोग दैनिक उपयोग की वस्तुओं के भीतर नशीले पदार्थ और अन्य प्रतिबंधित सामग्री छिपाकर जेल में पहुंचाने की कोशिश कर रहे थे। जांच के दौरान सुरक्षा कर्मियों ने सभी संदिग्ध सामानों की बारीकी से जांच की, जिसमें कई चौंकाने वाले मामले सामने आए।
बिस्किट के पैकेट में मिली नशीली गोलियां
जेल प्रशासन ने बताया कि कुछ लोगों ने सीलबंद बिस्किट के पैकेटों से छेड़छाड़ कर उनके भीतर नशीली टैबलेट छिपा दी थी। बाद में पैकेट को इस तरह दोबारा सील किया गया कि वह बिल्कुल फैक्ट्री पैक जैसा दिखाई दे। तलाशी के दौरान इन पैकेटों से प्रतिबंधित सामग्री बरामद कर ली गई।
प्याज और साबुन का भी किया गया इस्तेमाल
जांच में यह भी सामने आया कि कुछ लोगों ने प्याज के भीतर गांजा छिपाकर तथा साबुन की टिकिया को काटकर उसके अंदर नशीली टैबलेट रखी थी। बाद में साबुन को इस तरह तैयार किया गया कि पहली नजर में किसी को संदेह न हो। लेकिन जेल प्रशासन की सघन जांच के दौरान इन प्रयासों का भी खुलासा हो गया।
सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी की गई
जेल प्रशासन ने बताया कि बरामद सभी प्रतिबंधित सामग्री को जब्त कर नियमानुसार कार्रवाई की गई है। भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए मुलाकात के दौरान जांच प्रक्रिया और अधिक सख्त कर दी गई है। अधिकारियों ने कहा कि जेल की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और प्रतिबंधित सामग्री पहुंचाने की हर कोशिश पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

